बाल नव दुर्गा पूजा समिति, धनियामऊ (पूर्व), जौनपुर की स्थापना 17 अक्टूबर 1996 को स्वर्गीय श्री राधेश्याम गुप्ता जी के कर-कमलों द्वारा की गई थी। इस संस्था की स्थापना में श्री कमला प्रसाद, श्री सजनलाल गुप्ता, श्री शैलेन्द्र मिश्र, श्री रमाशंकर गुप्ता, श्री गिरजाशंकर जायसवाल, श्री विनोद कुमार यादव, श्री बबलू गुप्ता, श्री मदनलाल गुप्ता एवं समस्त ग्रामवासियों का विशेष सहयोग और अथक परिश्रम रहा। यह संस्था जौनपुर जनपद के धनियामऊ (पूर्व) क्षेत्र में स्थित है और हर वर्ष यहां भव्य दुर्गा पूजा महोत्सव का आयोजन किया जाता है, जिसमें आसपास के लगभग 15 से 20 गांवों के लोग श्रद्धा और भक्ति के साथ भाग लेते हैं। पूजा पंडाल का निर्माण लगभग 2500 वर्ग फीट में किया जाता है, जिसकी ऊँचाई 51 फीट होती है। इस भव्य पंडाल के निर्माण में करीब 250 मजदूर और कार्यकर्ता 30 दिनों तक निरंतर परिश्रम करते हैं, और लगभग ₹1,20,000 की लागत से इसका निर्माण संपन्न होता है। जब पंडाल तैयार हो जाता है तो श्रद्धालु माँ दुर्गा के दर्शन हेतु लंबी कतारों में खड़े होकर पूजा करते हैं और वहीं लगे मेले का भी आनंद लेते हैं। यह आयोजन पूरे 9 दिनों तक चलता है और नवमी के दिन भव्य यज्ञ का आयोजन किया जाता है, जिसमें श्रद्धालु, कार्यकर्ता और समस्त ग्रामवासी मिलकर भाग लेते हैं। यह समिति न केवल धार्मिक आयोजन का प्रतीक है, बल्कि सामाजिक एकता, संस्कृति और परंपरा को सहेजने और अगली पीढ़ी तक पहुँचाने का माध्यम भी है।